मध्य हिमालयी कुमाउंनी , गढ़वाली एवं नेपाली भाषा-व्याकरण का तुलनात्मक अध्ययन भाग -48
Comparative Comparative Study of Kumaoni Grammar,Garhwali Grammar,Uttarakhandi Grammar,Nepali Grammar ,Grammar of Himalayan Languages-Part-48
सम्पादन : भीष्म कुकरेती
Edited by Bhishm Kukreti
कुमाउंनी और गढ़वाळी शब्दों में समानता और वैशिष्ठ्य -भाग- ९
घरसम्बन्धी शब्दावली
हिंदी -------------------------------- कुमाउंनी----------------------- गढ़वाली
श्रृंखला-------------------------------- शांगलो/शान्गोव
सीढियां -------------------------------- खुटकुनो/खुटकण -----------सीडि
देहरी ----------------------------------- देलि -------------------------देळि
दरवाजे का चौखटा-------------------मोल--------------------------- म्वsर/म्वार
बैठने के लिएबना
चौड़ा स्थान --------------------------चौथार ------------------------चौंतरा
दीवार ----------------------------------- शै ---------------------------दिवाल /दिवलि
बल्ली ----------------------------------- भरानो ---------------------बौळि
गौशाला --------------------------------- गोठ /छन -----------------छन /शनि/शन
------------------------------------------ गढ़वाली में गोठ= जबपशुओं को खेतोंमें रखा जाताहै
गोठ के ऊपरवाली मंजिल --------------मंज्याल----------------- मंज्यूळ
मंजिल के ऊपरकी मंजिल ----------------पाड़------------------- तिपुर
छतों के स्लेटीपत्थर-------------------पाथर ---------------------पथर
आँगन के चारोंकी दीवार--------------भीड़ -----------------------भीड़
खलियान ------------------------------- खलो /खव----------------खल्याण
घर के पीछेका स्थान ------------------कर्यडि -------------------कुलण/कुलिण
छत की प्रमुखलकड़ी ------------------घूर ------------------------पसूण
मध्य हिमालयी कुमाउंनी , गढ़वाली एवं नेपाली भाषा-व्याकरण का तुलनात्मक अध्ययन भाग -47
Comparative Comparative Study of Kumaoni Grammar,Garhwali Grammar,Uttarakhandi Grammar,Nepali Grammar ,Grammar of Himalayan Languages-Part-47
सम्पादन : भीष्म कुकरेती
Edited by Bhishm Kukreti
कुमाउंनी और गढ़वाळी शब्दों में समानता और वैशिष्ठ्य -भाग- 8
Kumauni and Garhwali Agriculture Related Words - 6
हिंदी -------------------------------- कुमाउंनी -----------------------गढ़वाली
अनाज को पौधों से अलग
करने के बाद बचा वशेष
जिसमे कुछ अन्न भी बचा रहता है --भूडा ------------------------??
मूषा ----------------------------------- मूश--------------------------- मूस
अनाज को पुआल से अलग करना ----माणनॉ----------------- मांडण
नाली के नाप का ----------------------मानो /माणो ----------------माणु
उड़द ------------------------------------ मांश ------------------------उड़द
मुट्ठी की नाप-------------------------मुट्ठी -------------------------मुट्ठी
शुरुवात ------------------------------- मैशो-------------------------मिसाण /पवाण लगाण
मोल (बैलो के मुहं पर लगाये जाने वाला ) -मोल/म्वाल ------------------म्वाळ
वर्षा में सिर पर ओढ़ने वाला
मालू/बांस से बना उपकरण ---------मौंनो---------------------------- मुणक/मुणकि
सुखा मौसम --------------------------रूड़ -----------------------------रुडि
रोपाई -------------------------------- रोपै----------------------------- रूपणि /रोपै
बरसाती नाला -----------------------रौड़ो----------------------------- रौड़ (रौड़ का दूसरा अर्थ भूतकाल में फिसलना भी है )
पशुओं द्वारा फसल चरना----------वलान/शर----------------------------- उज्याड़ खाण
संभलना----------------------------- शपड़तो----------------------------- संबाळण
एक जगह से दूसरी
जगह ल़े जाना----------------------शारनो /शारण-------------------------- सरण /सारण
तिनका ------------------------------- शिन्को/शिणुक---------------------- सिणुक /सिणिकि
छीमी --------------------------- -------शिमि----------------------------- छीमि
कीचड़ वाली जगह --------------------शिमार -------------------------सिमलु/ सिमार/ सीमंद
भुने धान से निकले चावल--------------शिरौला -----------------------चूड़ा
सींग ------------------------------------- शींग --------------------------सिंग
सूप --------------------------------------- सुप्पो -----------------------सुप्प /सुप्पो
छाया---------------------------------------- शेल /श्योव -----------------छैल /छैलू
बेंत से मारना----------------------------- शोट्ट्यूनों /शोट्युण ----------सूटक्याण /चुटण
काई--------------------------------------- श्यांलो-------------------------- सिंवळ
हांकना ------------------------------------ हकूनो/हकूण -----------------हकाण
वर्फ--------------------------------------- ह्यूं --------------------------ह्यूं
हलवाहा ----------------------------------- हलिया/हइया -------------हळया
हल - --------------------------------------- हलो/हव -----------------हौळ
मध्य हिमालयी कुमाउंनी , गढ़वाली एवं नेपाली भाषा-व्याकरण का तुलनात्मक अध्ययन भाग -46
Comparative Comparative Study of Kumaoni Grammar,Garhwali Grammar,Uttarakhandi Grammar,Nepali Grammar ,Grammar of Himalayan Languages-Part-46
सम्पादन : भीष्म कुकरेती
Edited by Bhishm Kukreti
कुमाउंनी और गढ़वाळी शब्दों में समानता और वैशिष्ठ्य -भाग- 7
Kumauni and Garhwali Agriculture Related Words - 5
मध्य हिमालयी कुमाउंनी , गढ़वाली एवं नेपाली भाषा-व्याकरण का तुलनात्मक अध्ययन भाग -45
Comparative Comparative Study of Kumaoni Grammar,Garhwali Grammar,UttarakhandiGrammar,Nepali Grammar , Grammar of Himalayan Languages-Part-45
सम्पादन : भीष्म कुकरेती
Edited by Bhishm Kukreti
हिंदी ---------------------------------- कुमाउंनी ----------------------गढ़वाली
सूप से अनाज और कूड़ा/भूसा
हवा द्वारा अलग करना---------------बतूनो /बतूण ---------------बथौं लगाण
हवा ------------------------------------- बयालो -----------------------हवा /बथौं
बरसना --------------------------------- बर्शनो /बरशण---------------बरसण
टेढा -------------------------------------- बांगो ------------------------बांगो / ट्याड़ो-बांगो
रस्सी बटना -----------------------------बाटनो /बाटण --------------------बटण/ और कहीं कहीं बोटण
घर के आसपास के खेत ----------------बाड़/ शौंड़ो ------------------------सग्वाडु /सग्वड़
------------------------------------------ दोनों बशाओं में बाड़ फेंस को कहते हैं
हिस्सा --------------------------------- बाण /बाँट ---------------------------बांठ
अनाज की बाल------------------------बाल्लो /बालोड़ ---------------------बलड़
चावल मे बिन कुटे धान ---------------बियां /बीं---------------------------- बीं
बीज ------------------------------------ बियो --------------------------------- बीज
धूप में सुखाने रखा गया अनाज -------बिशकुनो/बिशकूण -----------------बिसकुण
औजार का हत्था-------------------------- बींण/बीन-------------------------- बींडु/बींड
निस्तेज धार वाला-------------------------बुच्ची ------------------------------खुञडु
ढोना----------------------------------------- बोकनो/बोकण ------------------बुकण/बोकण
पौधा ---------------------------------------- बोट
अनाज के खेत में उगी घास --------------बौनौ ------------------------------खौड़ / खsड़
सन्दर्भ -
1- अबंधु बहुगुणा , १९६० , गढ़वाली व्याकरण की रूप रेखा, गढ़वाल साहित्य मंडल , दिल्ली ( Structure of Garhwali Grammar)
२- बाल कृष्ण बाल , स्ट्रक्चर ऑफ़ नेपाली ग्रैमर , मदन पुरूस्कार, पुस्तकालय , नेपाल (Structure of Nepali Grammar)
३- डा. भवानी दत्त उप्रेती , १९७६, कुमाउंनी भाषा अध्ययन, कुमाउंनी समिति, इलाहाबाद (Study of Kumauni Language Grammar)
४- रजनी कुकरेती, २०१०, गढ़वाली भाषा का व्याकरण, विनसर पब्लिशिंग कं. देहरादून ( Grammar of Garhwali Language)
५- कन्हयालाल डंड़रियाल , गढ़वाली शब्दकोश, २०११-२०१२ , शैलवाणी साप्ताहिक, कोटद्वार, में लम्बी लेखमाला (Garhwali- Hindi Dcitionary)
६- अरविन्द पुरोहित , बीना बेंजवाल , २००७, गढ़वाली -हिंदी शब्दकोश , विनसर प्रकाशन, देहरादून (Garhwali hindi Dictionary )
७- श्री एम्'एस. मेहता (मेरा पहाड़ ) से बातचीत
८- श्रीमती हीरा देवी नयाल (पालूड़ी, बेलधार , अल्मोड़ा) , मुंबई से कुमाउंनी शब्दों के बारे में बातचीत
९- श्रीमती शकुंतला देवी , अछ्ब, पन्द्र-बीस क्षेत्र, , नेपाल, नेपाली भाषा सम्बन्धित पूछताछ
१० - भूपति ढकाल , १९८७ , नेपाली व्याकरण को संक्षिप्त दिग्दर्शन , रत्न पुस्तक , भण्डार, नेपाल (Briefs on Nepali Grammar)
११- कृष्ण प्रसाद पराजुली , १९८४, राम्रो रचना , मीठो नेपाली, सहयोगी प्रेस, नेपाल (Nepali Grammar)
१२- चन्द्र मोहन रतूड़ी , गढ़वाली कवितावली ( सं. तारा दत्त गैरोला, प्र. विश्वम्बर दत्त चंदोला) , १९३४, १९८९
13- Notes of Dr Achla Nand Jakhmola on Grammar book by Dr Bhavani Datt Upreti
Regards
B. C. Kukreti
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